[1]
“मधु आचार्य ‘आशावादी’ के हिन्दी उपन्यासों में मानवीय संवेदना का स्वरूप और अभिव्यक्ति”, JASRAE, vol. 22, no. 5, pp. 819–836, Oct. 2025, doi: 10.29070/yxj8zf97.